अध्याय अध्ययन: कार्बन एवं इसके यौगिक
खंड 1: कार्बन की जादुई दुनिया (Introduction to Carbon)
परमाणु संख्या (Atomic Number): 6 इलेक्ट्रॉनिक विन्यास: 2, 4 (K=2, L=4) संयोजकता (Valency): 4 (चतुःसंयोजक)
1. कार्बन में आबंध (Bonding in Carbon): सहसंयोजक आबंध
न तो यह 4 इलेक्ट्रॉन छोड़ सकता है (
बनाना मुश्किल है क्योंकि इसके लिए बहुत ऊर्जा चाहिए)।न ही यह 4 इलेक्ट्रॉन ले सकता है (
बनाना मुश्किल है क्योंकि 6 प्रोटॉन 10 इलेक्ट्रॉनों को संभाल नहीं पाएंगे)।
उदाहरण: एकल आबंध (Single Bond).हाइड्रोजन (
): द्वि-आबंध (Double Bond).ऑक्सीजन (
): त्रि-आबंध (Triple Bond).नाइट्रोजन (
): कार्बन 4 हाइड्रोजन परमाणुओं के साथ एक-एक इलेक्ट्रॉन साझा करता है।मेथेन (
):
2. कार्बन के दो विशेष गुण (Versatile Nature)
शृंखलन (Catenation): कार्बन में कार्बन के ही अन्य परमाणुओं के साथ जुड़कर लंबी चेन (Chain), शाखा (Branch) या वलय (Ring) बनाने की अद्भुत क्षमता होती है। (जैसे—हीरा, ग्रेफाइट, फुलरीन)। नोट: सल्फर भी जुड़ता है (
), लेकिन कार्बन जितनी लंबी चेन नहीं बना सकता।
चतुःसंयोजकता (Tetravalency): कार्बन की संयोजकता 4 है, इसलिए यह ऑक्सीजन, हाइड्रोजन, नाइट्रोजन, सल्फर, क्लोरीन आदि के साथ आसानी से बंध बना सकता है।
खंड 2: हाइड्रोकार्बन (Hydrocarbons)
इनमें कार्बन-कार्बन के बीच केवल एकल आबंध (Single Bond) होता है। सामान्य सूत्र: उदाहरण: मेथेन (
), एथेन ( ), प्रोपेन ( )।ये कम अभिक्रियाशील होते हैं और साफ नीली लौ के साथ जलते हैं।
ऐल्कीन (Alkenes): द्वि-आबंध (
)।सूत्र: उदाहरण: एथीन (
).
ऐल्काइन (Alkynes): त्रि-आबंध (
).सूत्र: उदाहरण: एथाइन (
).
ये अधिक अभिक्रियाशील होते हैं और जलने पर काली धुएँ वाली पीली लौ देते हैं।
खंड 3: समावयवता और संरचना (Isomerism & Structure)
इसके 3 समावयव हैं—उदाहरण (पेन्टेन -
):नॉर्मल पेन्टेन (सीधी चेन)। आइसो-पेन्टेन (एक शाखा)। नियो-पेन्टेन (दो शाखाएं)।
संतृप्त: साइक्लोहेक्सेन (
) - हर कार्बन 2 हाइड्रोजन से जुड़ा है। । इसमें एक छोड़कर एक (एकांतर) द्वि-आबंध होते हैं। (यह बहुत महत्वपूर्ण संरचना है)।असंतृप्त (ऐरोमैटिक): बेंजीन (
)
खंड 4: प्रकार्यात्मक समूह और नामकरण (Functional Groups & IUPAC)
का अंतर होता है।हर अगले सदस्य में अणुभार में 14 u का अंतर होता है। रासायनिक गुण समान होते हैं, लेकिन भौतिक गुण (गलनांक/क्वथनांक) बदलते हैं।
खंड 5: कार्बनिक यौगिकों के रासायनिक गुण
1. दहन (Combustion)
कोयला या लकड़ी जलने पर लौ क्यों नहीं देते? क्योंकि वे वाष्पशील नहीं होते, वे लाल होकर चमकते (Glow) हैं। बर्तन काले क्यों होते हैं? अगर ईंधन पूरी तरह नहीं जलता (ऑक्सीजन की कमी), तो बिना जले कार्बन के कण बर्तन की तली को काला कर देते हैं।
2. ऑक्सीकरण (Oxidation)
यहाँ
(पोटैशियम परमैंगनेट) एक ऑक्सीकारक है जो ऑक्सीजन जोड़ता है।
3. संकलन अभिक्रिया (Addition Reaction)
उत्प्रेरक: निकल (Ni) या पैलेडियम (Pd)। प्रक्रिया: वनस्पति तेल + $H_2 \xrightarrow{Ni} $ वनस्पति घी। इसे हाइड्रोजनीकरण (Hydrogenation) भी कहते हैं। (स्वास्थ्य के लिए असंतृप्त तेल अच्छे होते हैं, संतृप्त घी नहीं)।
4. प्रतिस्थापन अभिक्रिया (Substitution Reaction)
(क्लोरीन एक-एक करके हाइड्रोजन को हटाता जाता है)।
खंड 6: कुछ महत्वपूर्ण कार्बनिक यौगिक
(A) एथेनॉल (Alcohol -
गुण: रंगहीन, अच्छी गंध, पानी में घुलनशील। इसका उपयोग टिंचर आयोडीन, कफ सिरप और शराब में होता है। सोडियम से अभिक्रिया: हाइड्रोजन गैस निकलती है। निर्जलीकरण (Dehydration): गर्म सान्द्र
के साथ गर्म करने पर इसमें से पानी निकल जाता है और एथीन ( बनता है।
(B) एथेनॉइक अम्ल (Acetic Acid -
सिरका: 5-8% एथेनॉइक अम्ल के जलीय विलयन को सिरका (Vinegar) कहते हैं। ग्लेशियल ऐसीटिक अम्ल: शुद्ध एथेनॉइक अम्ल का गलनांक कम (290 K) होता है, इसलिए ठंड में यह बर्फ की तरह जम जाता है। महत्वपूर्ण अभिक्रियाएँ: एस्टरीकरण (Esterification): अम्ल + ऐल्कोहॉल
एस्टर (मीठी फलों जैसी गंध)।साबुनीकरण (Saponification): एस्टर + क्षार (
) साबुन + ऐल्कोहॉल।कार्बोनेट के साथ: यह बेकिंग सोडा (
) या चूना पत्थर ( ) के साथ क्रिया करके गैस देता है (तेज बुदबुदाहट/सनसनाहट होती है)।
खंड 7: साबुन और अपमार्जक (Soaps and Detergents)
1. साबुन कैसे काम करता है?
जलरागी (Hydrophilic): आयनिक सिरा (
)। यह पानी की तरफ भागता है।जलविरागी (Hydrophobic): कार्बन चेन पूँछ। यह पानी से डरता है और तेल/मैल की तरफ भागता है।
2. कठोर जल की समस्या
साबुन इनके साथ अभिक्रिया करके एक अघुलनशील सफेद पदार्थ (स्कम/Scum) बनाता है। इसलिए झाग नहीं बनता और साबुन बर्बाद होता है।
3. अपमार्जक (Detergent)
सारांश: परीक्षा के लिए 'की-पॉइंट्स'
हीरा vs ग्रेफाइट: हीरा कठोर (3D संरचना), ग्रेफाइट मुलायम और सुचालक (परतदार षट्कोणीय संरचना)। चूने के पानी को दूधिया करे तो
vs : , 'पॉप' साउंड करे तो ।असंतृप्त की पहचान: ब्रोमीन जल का रंग उड़ा देते हैं। एस्टर: फलों जैसी गंध (Perfume/Flavoring agents)। सिरका: एथेनॉइक अम्ल का तनु विलयन। IUPAC नाम: कार्बन की गिनती करें
बॉन्ड देखें (एन/ईन/आइन) ग्रुप देखें (ऑल/अल/ओइक)।